तुमने देखा है मुझे जब से
मेरी आंखों में रोशनी आई
सिराज अहमद
Alfaz Station
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ऐसा भी क्या फ़रेब की अनबन के बावजूद,
उसने कहा कि देख तो मुझे देखना पड़ा..
मिल जाए इसी इंतजार में रहते है
हम कही भी रहते है तेरे प्यार में रहते है
नज़र में आ गए हो तुम
नज़र लग जाए न हमको
सिराज अहमद
Alfaaz Station
मेरी बाते मुझसे करते
तुमने तो बदनाम कर दिया
तुमसे क्या उम्मीदें रखना
तुम तो बहुत पराए हो
सिराज अहमद
Alfaaz Station
आज तुम्हे फिर देखा मैने ख्वाबों में
ख्वाबों में ही क्यों आते ज़रा बताओ
सिराज अहमद
Alfaaz Station
एक तरफ है तेरी बातें
एक तरफ ये दुनियादारी
सिराज अहमद
Alfaaz Station
तेरी यादों में जिंदा हूँ
और नहीं कुछ हमें चाहिए
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