28/05/2026
ज्ञान, संस्कार और तकनीक के समन्वय से माँ पाटेश्वरी विश्वविद्यालय, बलरामपुर, उ. प्र. शिक्षा के क्षेत्र में नई पहचान स्थापित करने की ओर अग्रसर!
Official Page of Maa Pateswari University, Balrampur Foundation Stone laid by Hon.
CM Yogi Adityanath ji on 15/03/2024, Vice Chancellor Prof.Ravi Shankar Singh ji.
28/05/2026
ज्ञान, संस्कार और तकनीक के समन्वय से माँ पाटेश्वरी विश्वविद्यालय, बलरामपुर, उ. प्र. शिक्षा के क्षेत्र में नई पहचान स्थापित करने की ओर अग्रसर!
27/05/2026
माँ पाटेश्वरी विश्वविद्यालय, बलरामपुर, उ. प्र., निरंतर शैक्षिक उत्कृष्टता, पारदर्शिता और नवाचार की दिशा में नए आयाम स्थापित कर रहा है।
सत्र 2026–27 हेतु प्रवेश प्रक्रिया ने अब गति पकड़ ली है तथा विद्यार्थियों की सुविधा एवं सुव्यवस्थित प्रवेश व्यवस्था के लिए प्रवेश समिति का गठन किया गया है। साथ ही विश्वविद्यालय प्रशासन ने शिक्षाविदों एवं वरिष्ठ पत्रकारों को शामिल करते हुए परामर्शदात्री समिति का गठन कर समाज, शिक्षा और मीडिया के मध्य सशक्त समन्वय स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बढ़ाया है।
इसी क्रम में विश्वविद्यालय प्रशासन ने मूल्यांकन प्रणाली में पारदर्शिता सुनिश्चित करने हेतु बड़ा निर्णय लेते हुए निर्देश जारी किया है कि प्रैक्टिकल परीक्षाओं में 75% से अधिक अंक दिए जाने की स्थिति में जांच की जाएगी।
मां पाटेश्वरी विश्वविद्यालय बलरामपुर,उत्तर प्रदेश, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, अनुशासन, पारदर्शिता एवं आधुनिक शैक्षिक वातावरण के साथ पूर्वांचल में उच्च शिक्षा का नया केंद्र बनकर उभर रहा है।
26/05/2026
जनपद बलरामपुर स्थित माँ पाटेश्वरी विश्वविद्यालय एवं उससे सम्बद्ध समस्त महाविद्यालयों में नवीन शैक्षिक सत्र का शुभारम्भ 14 जुलाई 2026 से किया जाएगा। विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा जारी संशोधित आदेश के अनुसार शिक्षकों हेतु ग्रीष्मावकाश 08 जून 2026 से 13 जुलाई 2026 तक प्रभावी रहेगा।
विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार यह निर्णय सम्बद्ध महाविद्यालयों के प्राचार्यों की बैठक एवं कुलपति महोदय के निर्देशों के क्रम में लिया गया है। ग्रीष्मावकाश अवधि के दौरान परीक्षा, प्रवेश, मूल्यांकन अथवा अन्य आवश्यक शैक्षणिक एवं प्रशासनिक कार्यों के संचालन हेतु आवश्यकतानुसार शिक्षकों की सेवाएँ ली जा सकेंगी। ऐसे शिक्षकों को नियमानुसार प्रतिकर अवकाश प्रदान किया जाएगा।
विश्वविद्यालय प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि ग्रीष्मावकाश अवधि में विश्वविद्यालय एवं सम्बद्ध महाविद्यालयों के समस्त प्रशासनिक तथा विभागीय कार्यालय पूर्ववत् संचालित होते रहेंगे। साथ ही छात्र-छात्राओं के प्रवेश, द्वितीय सेमेस्टर परीक्षाएं एवं मूल्यांकन कार्य निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार संपन्न कराए जाएंगे।
नवीन शैक्षिक सत्र 14 जुलाई 2026, मंगलवार से विधिवत् प्रारम्भ होगा।
12/05/2026
माननीय कुलपति जी के आदेश दिनांक 11-05-2026 के क्रम में समस्त सम्बन्धित को सूचित किया जाता है कि विश्वविद्यालय एवं सम्बद्ध महाविद्यालयों के शैक्षणिक सत्र 2025-26 के द्वितीय सेमेस्टर का परीक्षा फॉर्म समर्थ पोर्टल के माध्यम से भरा जाना है। विश्वविद्यालय से सम्बद्ध महाविद्यालयों में संचालित नियमित एवं स्ववित्तपोषित पाठ्यक्रमों (स्नातक एवं परास्नातक कोर्स) के द्वितीय सेमेस्टर के अर्ह छात्र/छात्राओं के कोर्स सेलेक्शन एवं परीक्षा फार्म पूरित करने हेतु समर्थ पोर्टल दिनांक 11-05-2026 से दिनांक 18-05-2026 तक खोला जा रहा है। समस्त सम्बन्धित छात्र-छात्राओं/महाविद्यालयों से अपेक्षित है कि उपरोक्त समय के अन्दर कोर्स सेलेक्शन एवं परीक्षा फार्म पूरित किया जाना सुनिश्चित करें।
11/05/2026
राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं ।
आज के युग में तकनीक शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, रक्षा और संचार के हर क्षेत्र में नई संभावनाओं के द्वार खोल रही है। युवाओं को चाहिए कि वे नवाचार और शोध की भावना को अपना कर राष्ट्र निर्माण में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएँ राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस पर हम संकल्प लें कि ज्ञान, विज्ञान और तकनीक के माध्यम से भारत को प्रगति, आत्मनिर्भरता और वैश्विक नेतृत्व की दिशा में और अधिक सशक्त बनाएँगे।
11/04/2026
आज दिनांक 11 अप्रैल 2026 को महारानी लाल कुंवरि स्नातकोत्तर महाविद्यालय बलरामपुर में आयोजित Intellectual Property Rights in Higher Education and Research Institutions विषय पर आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी के उद्घाटन सत्र में माननीय कुलपति प्रो० रविशंकर सिंह जी ने अध्यक्षता की।
28/03/2026
माननीय मुख्यमंत्री Yogi Adityanath जी द्वारा “Ethical Research Integrity and Academic Responsible Publishing: Global Perspectives” पुस्तक का भव्य विमोचन
बलरामपुर/लखनऊ, 2026
मां पाटेश्वरी विश्वविद्यालय, बलरामपुर के अनुसंधान एवं विकास प्रकोष्ठ द्वारा आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय ऑनलाइन कार्यशाला “Promoting Ethical Culture in Research Ethics and Responsible Publishing” (21–22 जनवरी 2026) के सफल आयोजन के उपरांत तैयार की गई महत्वपूर्ण पुस्तक “Ethical Research Integrity and Academic Responsible Publishing: Global Perspectives” का गरिमामय विमोचन माननीय मुख्यमंत्री Yogi Adityanath जी द्वारा किया गया।
पुस्तक की विशेषताएँ
यह पुस्तक शोध एवं प्रकाशन के क्षेत्र में नैतिकता, पारदर्शिता और गुणवत्ता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से तैयार की गई है। इसमें निम्न प्रमुख विषयों को शामिल किया गया है—
• शोध नैतिकता के मूल सिद्धांत
• प्लेज़रिज़्म (Plagiarism) एवं उससे बचाव
• रिसर्च मिसकंडक्ट (Fabrication, Falsification)
• डेटा संग्रहण एवं विश्लेषण में नैतिकता
• शोध पत्र प्रकाशन की प्रक्रिया एवं मानक
• पीयर-रिव्यू सिस्टम और गुणवत्ता नियंत्रण
• संपादन एवं नेतृत्व
इस पुस्तक के Editor-in-Chief प्रो. रवि शंकर सिंह (कुलपति, मां पाटेश्वरी विश्वविद्यालय) हैं, जबकि Editor के रूप में डॉ. बसंत कुमार (सदस्य, अनुसंधान एवं विकास प्रकोष्ठ) ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
कार्यशाला की झलक
दो दिवसीय इस कार्यशाला में देश-विदेश के विशेषज्ञों ने भाग लिया और शोध में नैतिकता के विभिन्न पहलुओं पर प्रकाश डाला—
• पहला दिन: शोध नैतिकता, दुराचार एवं संस्थागत नियमों पर चर्चा
• दूसरा दिन: जिम्मेदार प्रकाशन, जर्नल चयन एवं प्लेज़रिज़्म टूल्स पर मार्गदर्शन
कार्यक्रम का समापन इंटरैक्टिव सत्र एवं धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ।
मुख्यमंत्री का संदेश
माननीय मुख्यमंत्री Yogi Adityanath जी ने अपने संदेश में कहा—
“नैतिकता पर आधारित शोध ही समाज और राष्ट्र के समग्र विकास का मार्ग प्रशस्त करता है।”
उन्होंने विश्वविद्यालय के इस प्रयास की सराहना करते हुए कहा कि ऐसी पहलें उच्च शिक्षा की गुणवत्ता को नई दिशा प्रदान करेंगी।
उद्देश्य एवं महत्व
इस पुस्तक और कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य—
• शोध में ईमानदारी और पारदर्शिता को बढ़ावा देना
• शोधार्थियों को अंतरराष्ट्रीय मानकों के प्रति जागरूक करना
• जिम्मेदार प्रकाशन संस्कृति को स्थापित करना
यह प्रकाशन न केवल शोधार्थियों और शिक्षकों के लिए मार्गदर्शक सिद्ध होगा, बल्कि भारतीय उच्च शिक्षा प्रणाली में नैतिकता-आधारित शोध संस्कृति को सुदृढ़ करने में भी महत्वपूर्ण योगदान देगा।
MYogiAdityanath
21/03/2026
राजकीय इंजीनियरिंग कालेज में 'एंटरप्रेन्योरशिप डेवलपमेंट सेल' (आईसीइएसइटीइडी-2026) के तहत आयोजित दो दिवसीय अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन का समापन शुक्रवार को हुआ। सम्मेलन में मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद मां पाटेश्वरी देवी विश्वविद्यालय बलरामपुर के कुलपति प्रो. रविशंकर सिंह ने कहा कि उद्यमिता विकास से देश की प्रगति के अवसर निकलते हैं ।
15/03/2026
मां पाटेश्वरी विश्वविद्यालय, बलरामपुर का द्वितीय स्थापना दिवस रविवार को समारोहपूर्वक मनाया गया। निर्माणाधीन विश्वविद्यालय परिसर में स्थापना दिवस की द्वितीय वर्षगांठ के अवसर पर निर्माणाधीन कुलपति आवास में शतचंडी महापाठ और हवन-पूजन का आयोजन किया गया। इस अवसर पर कुलपति के निर्माणाधीन आवास में मौली श्री पौधे का रोपण भी किया गया।
गौरतलब है कि 15 मार्च 2024 को योगी आदित्यनाथ ने कोयलरा ग्राम में मां पाटेश्वरी विश्वविद्यालय की आधारशिला रखी थी। वर्तमान में विश्वविद्यालय परिसर में विभिन्न शैक्षणिक एवं प्रशासनिक भवनों का निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है।
कुलपति प्रोफेसर रवि शंकर सिंह के निर्देशन में इस वर्ष स्थापना दिवस को “संस्थापक सप्ताह” के रूप में मनाया गया। इसके तहत 9 मार्च से 14 मार्च तक ऑनलाइन व्याख्यानमाला का आयोजन किया गया, जिसमें सामाजिक, आर्थिक, शैक्षणिक, वैज्ञानिक और पत्रकारिता जैसे विभिन्न विषयों पर देश के कई विश्वविद्यालयों के कुलपतियों और विशेषज्ञों ने अपने विचार रखे। यह व्याख्यानमाला विश्वविद्यालय की गुणवत्तापरक शिक्षा के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
स्थापना दिवस पर आयोजित शतचंडी महापाठ का शुभारंभ कुलपति प्रोफेसर रविशंकर ने ने अपनी पत्नी के साथ पूजा-पाठ करके किया । इस अवसर पर एलबीएस महाविद्यालय के आचार्य डॉ. डी.पी. सिंह, एमएलके पीजी कॉलेज के प्रोफेसर अरविंद द्विवेदी, प्रोफेसर पी.के. सिंह, प्रोफेसर अरुण कुमार सिंह, विश्वविद्यालय निर्माण परियोजना के प्रबंधक बी.पी. सिंह सहित विश्वविद्यालय के छात्र-छात्राएं, विभिन्न महाविद्यालयों के प्राचार्य और आचार्यगण उपस्थित रहे।
11/03/2026
*हर हाल में मई तक पूरा हो जाए मां पाटेश्वरी विश्वविद्यालय का निर्माणः मुख्यमंत्री*
*मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बलरामपुर में मां पाटेश्वरी विश्वविद्यालय का किया स्थलीय निरीक्षण*
*मुख्यमंत्री ने निर्माणाधीन एजेंसी को गुणवत्ता और समय से काम पूरा करने का दिया सख्त निर्देश*
*विश्वविद्यालय प्रांगण में रोपा मौलिश्री का पौधा*
*बलरामपुर, 11 मार्चः* मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को मां पाटेश्वरी विद्यालय का स्थलीय निरीक्षण किया। मुख्यमंत्री ने निर्माण एजेंसी को हर हाल में मई 2026 तक निर्माण पूरा करने का सख्त निर्देश दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी भी हाल में इसमें विलंब बर्दाश्त नहीं होगा। मुख्यमंत्री ने विश्वविद्यालय के कुलपति से समूची जानकारी भी प्राप्त की।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सबसे पहले विश्वविद्यालय प्रांगण में मौलिश्री का पौधा लगाया। इसके बाद मुख्यमंत्री ने विश्वविद्यालय के मॉडल पर प्रजेंटेशन को देखा। सीएम योगी ने कुलपति प्रो. रविशंकर सिंह को निर्देश दिया कि कार्य समयसीमा के अंदर हो, इसकी निगरानी भी सुनिश्चित करें। उन्होंने निर्माण एजेंसी को मई तक काम पूरा करने के निर्देश देते हुए कहा कि गुणवत्ता हर हाल में सुनिश्चित होनी चाहिए। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि लापरवाही कतई बर्दाश्त नहीं होगी।
इसके बाद मुख्यमंत्री ने एकेडमिक बिल्डिंग, थियेटर क्लास, लैब समेत समूचे विश्वविद्यालय का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान विधायक पल्टूराम, एमएलसी साकेत मिश्र, जिला पंचायत अध्यक्ष आरती तिवारी, भाजपा जिलाध्यक्ष रवि मिश्र, जिलाधिकारी विपिन जैन, कुलसचिव परमानंद सिंह, परीक्षा नियंत्रक दिनेश कुमार मौर्य आदि मौजूद रहे।
MYogiAdityanath
09/03/2026
Foundation Day Week Lecture Series (Online)
Day 01
Uses of Artificial Intelligence in Daily Life
Live on YouTube on 9th March, 2026 at 5 PM
https://youtube.com/live/6brMAPcGVMU?feature=share